Beadbi Case: मुख्यमंत्री भगवंत मान ने घोषणा की है कि पंजाब सरकार 13 अप्रैल (खालसा सृजना दिवस) के अवसर पर विधानसभा का एक विशेष सत्र बुलाएगी।
सत्र का मुख्य उद्देश्य 2008 के अधिनियम में संशोधन कर बेअदबी के दोषियों के लिए कठोरतम सजा का प्रावधान करना है। नया कानून केवल पारंपरिक बेअदबी तक सीमित नहीं रहेगा, बल्कि इसे आधुनिक चुनौतियों के हिसाब से तैयार किया जा रहा है। मुख्यमंत्री मान ने स्पष्ट किया कि इस कानून का ड्राफ्ट किसी बंद कमरे में नहीं, बल्कि व्यापक विचार-विमर्श के बाद तैयार होगा। सत्र के दौरान ‘जगत ज्योत श्री गुरु ग्रंथ साहिब सत्कार एक्ट, 2008’ में जरूरी बदलाव किए जाएंगे। इसके अलावा, सरकार ने धार्मिक भावनाओं का सम्मान करते हुए निम्नलिखित कदम भी उठाए हैं।
प्रस्तावित कानून की बड़ी बातें (Key Features)
- सख्त सजा: दोषियों को मिसाली (Exemplary) सजा देने के लिए कानून को और मजबूत बनाया जाएगा।
- संपत्ति की कुर्की: आरोपियों की प्रॉपर्टी जब्त (Confiscation) करने का भी प्रावधान शामिल होगा।
- डिजिटल कंटेंट पर नजर: पहली बार डिजिटल माध्यम (सोशल मीडिया, वीडियो आदि) से की जाने वाली बेअदबी को भी इस कानून के दायरे में लाया जाएगा।
- भारी जुर्माना: दोषियों पर भारी आर्थिक दंड (Heavy Fines) भी लगाया जाएगा।
संत समाज और विशेषज्ञों की राय
- परामर्श: ड्राफ्ट तैयार करने के लिए संत समाज और देशभर के जाने-माने कानूनी विशेषज्ञों की सलाह ली जा रही है।
- आमंत्रण: सीएम ने निहंग सिंह जत्थेबंदियों, कार सेवा समूहों, रागी और कथावाचकों सहित विभिन्न धार्मिक संप्रदायों को 13 अप्रैल के विशेष सत्र में गवाह बनने के लिए आमंत्रित किया है।
400 फीट ऊंचे टावर पर विरोध और सरकार की पहल
- समाणा (Samana) में एक्टिविस्ट गुरजीत सिंह खालसा 12 अक्टूबर 2024 से करीब 400 फीट ऊंचे टेलीकॉम टावर पर चढ़े हुए हैं। उनकी मांग है कि बेअदबी के दोषियों को सख्त सजा मिले।
- सरकार का कदम: विधानसभा स्पीकर कुलतार सिंह संधवां और विधायक इंद्रबीर सिंह निज्जर जल्द ही उनसे मिलकर अनशन खत्म करने की अपील करेंगे और उन्हें विशेष सत्र में आने का न्योता देंगे।
अन्य महत्वपूर्ण घोषणाएं
- पवित्र शहर का दर्जा: श्री अमृतसर साहिब, श्री आनंदपुर साहिब और तलवंडी साबो को ‘पवित्र शहर’ (Holy City) घोषित किया गया है।
- 350वां शहीदी दिवस: श्री गुरु तेग बहादुर जी के 350वें शहीदी दिवस के कार्यक्रमों के आयोजन के लिए धार्मिक गुरुओं ने सरकार का आभार जताया है।
