Sunday, September 20, 2026
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NEET PAPER LEAK: पेपर लीक और परीक्षा धांधली पर बॉम्बे हाई कोर्ट का बड़ा फैसला…महाराष्ट्र में 23 नई फास्ट-ट्रैक अदालतों का गठन

केस एवं प्रशासनिक सारांश (Overview)

प्रशासनिक बिंदुविवरण
आदेश जारीकर्ताबॉम्बे उच्च न्यायालय (कार्यवाहक CJI रवींद्र घुगे)
कुल नई फास्ट-ट्रैक अदालतें23 अदालतें (पूर्व की नागपुर और औरंगाबाद की 2 अदालतों के अतिरिक्त)
मुख्य उद्देश्यप्रश्नपत्र लीक (Paper Leak) और परीक्षाओं में नकल कराने वाले संगठित गिरोहों पर नकेल कसना।
ट्रायल की समय-सीमा3 महीने के भीतर मुकदमे की सुनवाई और फैसला पूरा करना अनिवार्य।

NEET PAPER LEAK: सार्वजनिक परीक्षाओं में धांधली, प्रश्न पत्र लीक (Paper Leak) और संगठित नकल गिरोहों पर लगाम लगाने के लिए बॉम्बे हाईकोर्ट ने एक बड़ा और कड़ा कदम उठाया है।

1 अगस्त को जारी आधिकारिक नोटिस के अनुसार, कार्यवाहक मुख्य न्यायाधीश (ACJ) रवींद्र घुगे ने इन विशेष अदालतों के लिए राज्य भर के न्यायिक अधिकारियों (न्यायाधीशों) को नामित किया है। हाई कोर्ट ने पूरे महाराष्ट्र में 23 नई फास्ट-ट्रैक विशेष अदालतों (Fast-Track Courts) का गठन किया है, जो केवल परीक्षा में अनचित साधनों के प्रयोग और पेपर लीक से जुड़े मामलों की सुनवाई करेंगी।

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कौन-कौन से कानूनों के तहत होगी सुनवाई?

  • ये विशेष फास्ट-ट्रैक अदालतें विशेष रूप से निम्नलिखित कानूनों के तहत दर्ज अपराधों के मुकदमों की सुनवाई करेंगी।
  1. सार्वजनिक परीक्षा (अनुचित साधनों की रोकथाम) अधिनियम, 2024 (Public Examinations Law, 2024)
  2. भारतीय न्याय संहिता (BNS) के संबंधित प्रावधान
  3. महाराष्ट्र विश्वविद्यालय, बोर्ड और अन्य निर्दिष्ट परीक्षा अनुचित साधन रोकथाम अधिनियम, 1982

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केंद्रीय कानून मंत्रालय के निर्देश: 3 महीने में ट्रायल पूरा करने का लक्ष्य

अदालतों का यह गठन केंद्रीय कानून मंत्रालय के उन निर्देशों के अनुपालन में किया गया है, जिनमें परीक्षा धांधली के मामलों की जांच और अदालती सुनवाई को 3 महीने (90 दिनों) के भीतर पूरा करने का नियम बनाया गया है।

इससे पहले, 24 जुलाई को ACJ रवींद्र घुगे ने औरंगाबाद में अपर मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट एस.वी. पवार और नागपुर में अपर मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट गुलशन कोल्टे को भी पेपर लीक मामलों की सुनवाई के लिए फास्ट-ट्रैक कोर्ट के रूप में नामित किया था।

जिलों के अनुसार नामित न्यायिक अधिकारी (Judicial Officers & Districts)

हाई कोर्ट द्वारा राज्य के प्रमुख जिलों में नामित न्यायाधीशों की सूची इस प्रकार है।

जिला / केंद्रनामित न्यायिक अधिकारी
मुंबई (City Civil Court)ए. ए. नंदगांवकर (A. A. Nandgaonkar)
मुंबई (विक्रोली)पी. वी. हिंगणे (P. V. Hingne)
पुणे (Anti-Corruption Court)यू. एस. एम. अल अमूदी (U. S. M. Al Amoodi)
पुणे (पिंपरी-चिंचवड़)आर. आर. शेरेकर (R. R. Sherekar)
ठाणे (भिवंडी)ए. ए. कोरे (A. A. Kore)
नासिक (सटाणा)सी. यू. शिपकुले (C. U. Shipkule)
कोल्हापुरए. एस. पानसरे (A. S. Pansare)
सोलापुरएस. पी. शिलवंत (S. P. Shilwant)
सांगलीवी. ए. अद्या (V. A. Adya)
साताराए. ए. निकम (A. A. Nikam)
बीडएम. एस. पाठारे (M. S. Pathare)
जालना (बदनापुर)जी. एन. लांघे (G. N. Langhe)
जलगांवडी. ए. सरनायक (D. A. Sarnayak)
परभणीएम. डी. गौतम (M. D. Gautam)
उस्मानाबाद/धाराशिव (तुलजापुर)वी. वी. निवघेकर (V. V. Nivghekar)
चंद्रपुरआर. एस. एम. शेख (R. S. M. Shaikh)
गढ़चिरौलीएन. ए. पठान (N. A. Pathan)
गोंदिया (तिरोड़ा)ए. एस. अग्रवाल (A. S. Agrawal)
धुलेबी. एम. पोतदार (B. M. Potdar)
नंदुरबारवी. बी. शितोले (V. B. Shitole)
वर्धाएम. वाई. दोईफोड़े (M. Y. Doiphode)
यवतमालए. एम. शाह (A. M. Shah)
वाशिम (रिसोड)पी. वी. सपकाल (P. V. Sapakal)
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