Friday, October 2, 2026
HomeSupreme CourtFuel Conservation: जज करेंगे कारपूल, रजिस्ट्री स्टाफ को 2 दिन का वर्क...

Fuel Conservation: जज करेंगे कारपूल, रजिस्ट्री स्टाफ को 2 दिन का वर्क फ्रॉम होम…चुनिंदा दिनों पर केवल VC, तीनों फैसले यहां पढ़े

Fuel Conservation: भारत के सर्वोच्च न्यायालय (Supreme Court of India) ने एक बड़ा और अभूतपूर्व कदम उठाया है।

सुप्रीम कोर्ट के महासचिव ने जारी किया परिपत्र

सुप्रीम कोर्ट के महासचिव भारत पराशर द्वारा जारी एक आधिकारिक परिपत्र (Circular) के अनुसार, शीर्ष अदालत ने ईंधन बचाने और पर्यावरण संरक्षण के लिए कारपूलिंग, वर्चुअल सुनवाई और वर्क फ्रॉम होम (WFH) जैसी व्यवस्थाओं को तत्काल प्रभाव से लागू कर दिया है। पश्चिम एशिया (मिडिल ईस्ट) संकट के कारण उत्पन्न हुए ईंधन संकट के बीच, प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की देश से ईंधन संरक्षण (Fuel Conservation) की अपील की थी। प्रधानमंत्री की अपील के बाद सुप्रीम कोर्ट के सभी न्यायाधीशों ने सर्वसम्मति से ईंधन के इष्टतम उपयोग (Optimum Utilisation) को सुनिश्चित करने के लिए आपस में कारपूलिंग (Carpooling) करने पर सहमति जताई है। इसके अलावा, अदालत के कामकाज को डिजिटल मोड पर ले जाने के लिए कई महत्वपूर्ण दिशा-निर्देश जारी किए गए हैं।

विविध दिनों (Miscellaneous Days) पर केवल वर्चुअल सुनवाई

  • अदालत में वकीलों और वादियों की आवाजाही और उससे होने वाले ईंधन खर्च को कम करने के लिए सुनवाई के नियमों में बदलाव किया गया है।
  • वर्चुअल मोड: विविध दिनों— यानी सोमवार, शुक्रवार और किसी भी अन्य अधिसूचित (Notified) विविध दिनों के साथ-साथ आंशिक कार्य दिवसों (Partial Working Days) के दौरान सूचीबद्ध मामलों की सुनवाई केवल वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से होगी।
  • रजिस्ट्री की जिम्मेदारी: रजिस्ट्री को यह सुनिश्चित करने का निर्देश दिया गया है कि वीडियो-कॉन्फ्रेंसिंग के लिंक समय पर भेजे जाएं, तकनीकी ढांचा स्थिर रहे और किसी भी असुविधा से बचने के लिए तत्काल तकनीकी सहायता उपलब्ध कराई जाए।

रजिस्ट्री स्टाफ के लिए 2 दिन का ‘Work From Home’

  • सुप्रीम कोर्ट ने अपने प्रशासनिक स्टाफ के लिए भी लचीली कार्यप्रणाली को मंजूरी दी है।
  • 50% स्टाफ को अनुमति: प्रत्येक शाखा या अनुभाग (Branch/Section) के 50 प्रतिशत तक कर्मचारियों को सप्ताह में दो दिन घर से काम (WFH) करने की अनुमति दी गई है।
  • साप्ताहिक रोस्टर: संबंधित रजिस्ट्रार को पहले से ही एक साप्ताहिक रोस्टर तैयार करना होगा ताकि यह सुनिश्चित हो सके कि कार्यालय का कामकाज बिना किसी रुकावट के चलता रहे।
  • शर्तें: घर से काम करने वाले कर्मचारियों को फोन पर उपलब्ध रहना होगा और आवश्यकता पड़ने पर किसी भी समय कार्यालय आने के लिए तैयार रहना होगा। यदि रजिस्ट्रार को लगता है कि किसी अनुभाग में WFH प्रभावी नहीं है, तो वे इस व्यवस्था को बदल या प्रतिबंधित कर सकते हैं।

तत्काल प्रभाव से लागू

सुप्रीम कोर्ट ने स्पष्ट किया कि ये उपाय कार्मिक और प्रशिक्षण विभाग (DoPT) द्वारा 12 मई, 2026 को जारी कार्यालय ज्ञापन (Office Memorandum) के बाद पेश किए गए हैं और ये निर्देश तत्काल प्रभाव से लागू हो गए हैं।

मुख्य हाइलाइट्स (Quick Summary)

उपाय (Measures)विवरण (Details)
न्यायाधीशों के लिएईंधन की बचत के लिए आपस में कारपूलिंग (Carpooling) करेंगे।
अदालती सुनवाईसोमवार, शुक्रवार और आंशिक कार्य दिवसों पर केवल वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग।
प्रशासनिक स्टाफ50% कर्मचारियों को सप्ताह में 2 दिन वर्क फ्रॉम होम (WFH) की सुविधा।
लागू होने की तिथितत्काल प्रभाव से (मई 2026)।

संकट में तकनीकी नेतृत्व

सुप्रीम कोर्ट का यह कदम दिखाता है कि न्यायपालिका देश के सामने आने वाले संकटों (जैसे वैश्विक ईंधन संकट) के प्रति कितनी संवेदनशील है। वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग और रिमोट वर्किंग जैसी तकनीकों का उपयोग न केवल संकट के समय ईंधन बचाएगा, बल्कि यह भविष्य के लिए पर्यावरण-अनुकूल (Eco-friendly) न्याय प्रणाली की एक नई मिसाल भी पेश करेगा।

RELATED ARTICLES

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here

Most Popular

Patna
clear sky
26 ° C
26 °
26 °
94 %
0kmh
6 %
Thu
27 °
Fri
33 °
Sat
33 °
Sun
33 °
Mon
33 °

Recent Comments